गरियाबंद : कलेक्टर ने समय-सीमा बैठक में सुशासन तिहार के बारे में दी जानकारी…

30 अप्रैल तक लंबित प्रकरणों का करें निराकरण 1 मई से 10 जून तक जिले में आयोजित होंगे जन समस्या निवारण शिविरइस वर्ष भी सुशासन तिहार 2026 । का होगा आयोजनगरियाबंद, 21 अप्रैल 2026कलेक्टर श्री बीएस उइके ने आज जिला कार्यालय के सभाकक्ष में समय-सीमा की बैठक के दौरान बताया कि राज्य शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप आमजन की शिकायतों के समयबद्ध एवं प्रभावी निराकरण तथा सुगम, पारदर्शी सेवाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से इस वर्ष इस वर्ष भी सुशासन तिहार 2026 का आयोजन किया जाएगा। गत वर्ष इस अभियान के सकारात्मक परिणामों को देखते हुए शासन ने इसे फिर से संचालित करने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि जिले में 30 अप्रैल 2026 तक लंबित प्रकरणों के निराकरण पर विशेष फोकस किया जाएगा, जिसमें भूमि संबंधी प्रकरण जैसे नामांतरण, बंटवारा एवं सीमांकन, मनरेगा अंतर्गत लंबित मजदूरी भुगतान, विभिन्न हितग्राहीमूलक योजनाओं के लंबित प्रकरण, आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्रों के आवेदन, बिजली एवं ट्रांसफार्मर संबंधी समस्याएं तथा हैंडपंप सुधार जैसे विषय शामिल हैं।इसके साथ ही पात्र हितग्राहियों को उज्ज्वला योजना, राशन कार्ड, आयुष्मान भारत, वृद्धावस्था एवं सामाजिक सुरक्षा पेंशन जैसी योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। 1 मई से 10 जून 2026 के मध्य ग्रामीण क्षेत्रों में 15-20 ग्राम पंचायतों के समूह स्तर पर तथा शहरी क्षेत्रों में वार्ड क्लस्टर के आधार पर जन समस्या निवारण शिविर आयोजित किए जाएंगे। इन शिविरों में विभिन्न योजनाओं के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने के साथ पात्र हितग्राहियों को लाभ वितरण किया जाएगा तथा प्राप्त आवेदनों का अधिकतम एक माह के भीतर निराकरण सुनिश्चित किया जाएगा। प्रत्येक आवेदक को उसके आवेदन की स्थिति की जानकारी देना भी अनिवार्य होगा। अभियान के दौरान मुख्यमंत्री, मंत्रीगण, सांसद, विधायक, मुख्य सचिव एवं प्रभारी सचिव समय-समय पर शिविरों में शामिल होंगे। साथ ही जिले में संचालित विकास कार्यों का औचक निरीक्षण कर आमजन से फीडबैक लिया जाएगा। जिला मुख्यालय में समीक्षा बैठकों के माध्यम से शिविरों में प्राप्त आवेदनों के निराकरण एवं योजनाओं के क्रियान्वयन की प्रगति की नियमित समीक्षा की जाएगी तथा आगामी कार्ययोजना पर चर्चा की जाएगी। समीक्षा बैठक के पश्चात प्रेसवार्ता एवं जनप्रतिनिधियों व नागरिकों से संवाद भी किया जाएगा।उन्होंने कहा कि सुशासन तिहार 2026 के व्यापक प्रचार-प्रसार जिला प्रशासन एवं स्थानीय स्तर पर विभिन्न माध्यमों से कार्ययोजना बनाकर कराएं। जिला प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को निर्देशित किया है कि वे अभी से तैयारी सुनिश्चित करते हुए इस अभियान को जन-आंदोलन का रूप दें, ताकि अधिकतम जनभागीदारी के साथ आमजन को शासन की योजनाओं का समुचित लाभ मिल सके।