एमसीबी : कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की महत्वपूर्ण बैठक संपन्न…

एमसीबी : कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की महत्वपूर्ण बैठक संपन्नप्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन, श्रेडर प्लास्टिक के सड़क निर्माण में उपयोग एवं फीकल स्लज प्रबंधन पर लिए गए ठोस निर्णयएमसीबी, 03 जनवरी 2026स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) अंतर्गत जिला स्तरीय प्रबंधन समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता कलेक्टर डी. राहुल वेंकट द्वारा की गई। बैठक का उद्देश्य जिले में स्वच्छता से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, अपशिष्ट प्रबंधन को सुदृढ़ करने तथा पर्यावरण संरक्षण की दिशा में नवाचारों को बढ़ावा देना रहा। बैठक में जिले में संचालित प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाइयों की प्रगति, फीकल स्लज प्रबंधन, तथा प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के अंतर्गत सड़कों के निर्माण में श्रेडर प्लास्टिक के उपयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन को सुदृढ़ करने के निर्देशबैठक में ग्राम पंचायत चनवारीडांड में स्थापित प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाई के सुचारू संचालन को लेकर विशेष चर्चा की गई।

कलेक्टर ने नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के साथ समन्वय स्थापित कर मल्टीलेयर प्लास्टिक की नियमित उपलब्धता सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्लास्टिक कचरे का वैज्ञानिक ढंग से संग्रहण एवं प्रसंस्करण जिले को स्वच्छ बनाए रखने की दिशा में अत्यंत आवश्यक है।सड़क निर्माण में श्रेडर प्लास्टिक के उपयोग को मिली गतिबैठक में यह निर्णय लिया गया कि प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाई चनवारीडांड में उपलब्ध श्रेडर प्लास्टिक का उपयोग प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (च्डळैल्) के अंतर्गत निर्मित की जा रही सड़कों में किया जाएगा। इसके लिए संबंधित विभागों के मध्य अनुबंध प्रक्रिया पूर्ण करने की कार्यवाही पर सहमति बनी। इससे जहां एक ओर प्लास्टिक अपशिष्ट का प्रभावी निपटान होगा, वहीं दूसरी ओर सड़कों की गुणवत्ता एवं टिकाऊपन में भी वृद्धि होगी।स्टोर शेड, बाउंड्री वॉल एवं फीकल स्लज प्रबंधन पर विशेष चर्चाबैठक में चनवारीडांड एवं पौड़ीडीह स्थित प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन इकाइयों में प्लास्टिक संग्रहण के लिए स्टोर शेड एवं बाउंड्री वॉल निर्माण की आवश्यकता पर चर्चा की गई। साथ ही जिले में फीकल स्लज ट्रीटमेंट प्लांट के प्रभावी संचालन हेतु डी-स्लज वाहन उपलब्ध कराने पर विचार किया गया।इस संबंध में डीएमएफ, स्वच्छ भारत मिशन एवं मनरेगा के अभिसरण से प्रस्ताव तैयार कर स्वीकृति हेतु प्रस्तुत करने पर सहमति बनी। कलेक्टर ने निर्देशित किया कि सभी प्रस्ताव शीघ्र तैयार कर प्रक्रिया में लाए जाएं, ताकि स्वच्छता संबंधी व्यवस्थाओं को और अधिक सुदृढ़ किया जा सके।पर्यावरण संरक्षण की दिशा में ठोस पहलबैठक में कलेक्टर ने कहा कि स्वच्छ भारत मिशन केवल स्वच्छता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पर्यावरण संरक्षण, संसाधनों के पुनरू उपयोग और सतत विकास का एक सशक्त माध्यम है। सभी संबंधित विभाग आपसी समन्वय से कार्य करते हुए योजनाओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी, स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) से जुड़े प्रतिनिधि एवं तकनीकी अधिकारी उपस्थित रहे।